आज से हाईवे का सफर होगा महंगा, सरकार ने की टोल दरों में वृद्धि
देश भर में 1 अप्रैल, 2022 से टोल रेट महंगा होने वाला है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने सरकार द्वारा नई दरों को लागू करने की पुष्टि की है। जानकारी के अनुसार, टोल दरों के 15 प्रतिशत की वृद्धि की गई है। टोल दरों में मार्ग और स्थान के आधार पर नए दर को लागू किया गया है।

65 रुपये तक बढ़ा टोल
टोल दरों में वाहन के प्रकार के अनुसार 10 रुपये से 65 रुपये तक की वृद्धि की गई है। दिल्ली के राजमार्गों पर चारपहिया वाहनों के लिए एकतरफा यात्रा टोल दर 10 रुपये और भारी वाणिज्यिक वाहनों के लिए 65 रुपये तक बढ़ाया गया है। दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर टोल 10 प्रतिशत, जबकि दिल्ली-जयपुर हाईवे के खेरकी दौला टोल प्लाजा पर 14 प्रतिशत अधिक टोल लिया जा रहा है।

तमिलनाडु में टोल टैक्स 10 से 15 प्रतिशत तक बढ़ाया गया है, जबकि असम में 15 प्रतिशत की वृद्धि की गई है। बता दें कि देश पिछले 10 दिनों के भीतर पेट्रोल और डीजल की कीमतों में 6.40 रुपये तक की वृद्धि की गई है। ऐसे में टोल टैक्स में बढ़ोतरी से हाईवे और एक्सप्रेसवे पर सफर अब पहले महंगा हो गया है।

बता दें कि NHAI हर नए वित्तीय वर्ष में टोल दरों में वृद्धि करती है। NHAI के अधिकारियों के अनुसार, बढ़ोतरी राष्ट्रीय राजमार्ग शुल्क (दरों और संग्रह का निर्धारण) नियम, 2008 के प्रावधानों के अनुसार थोक मूल्य सूचकांक के आधार पर लागू होगी।

हटेंगे अवैध टोल बूथ
केंद्र सरकार ने सभी राष्ट्रीय राजमार्ग, राजकीय राजमार्ग और एक्सप्रेसवे पर स्थित टोल बूथ से 60 किलोमीटर की दूरी के अंदर स्थित सभी अन्य टोल बूथ को हटाने का निर्मय लिया है। केंद्रीय परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने एक बयान में कहा कि सरकार टोल बूथ के 60 किलोमीटर के दायरे में स्थित अन्य टोल बूथ को तीन महीनों के भीतर हटाने का काम पूरा करेगी।

इससे यात्रियों पर अत्यधिक टोल टैक्स का भार कम होगा और हाईवे से यात्रा करना किफायती हो जाएगा। गडकरी ने यह भी कहा कि सरकार यात्रियों से टोल वसूलने वाले अवैध टोल बूथों को भी चिन्हित कर रही है और जल्द ही उन्हें भी पूरी तरह हटा दिया जाएगा।

बता दें कि किसी भी राष्ट्रीय राजमार्ग पर 60 किलोमीटर के दायरे में एक से ज्यादा टोल बूथ का होना गैरकानूनी है। परिवहन मंत्रालय को आम लोगों से लगातार शिकायतें मिल रही थी कि देश के कई प्रमुख हाईवे पर 60 किलोमीटर के दायरे में एक से ज्यादा टोल बूथ चलाए जा रहे हैं। इससे न केवल यात्रियों को बार-बार रुक कर टोल का भुगतान करना पड़ता है बल्कि हाईवे से सफर करने का खर्च भी बढ़ रहा है।


Click it and Unblock the Notifications








