बीएस-6 फ्यूल: दिल्ली में उपलब्ध हुआ, देश भर में अप्रैल 2020 तक होंगे उपलब्ध
भारत में 1 अप्रैल 2020 से बीएस-6 उत्सर्जन मानक लागू कर दिए जाएंगे, जिसके तहत देश भर में सभी वाहन को नए उत्सर्जन नियम के पालन करने होंगे। सरकार ने भारत में बढ़ते प्रदुषण को रोकने के लिए कदम उठाया है।

वाहन निर्माता कंपनियां भी समय सीमा से पहले ही अपने वाहनों को अपडेट करके उतारने लगी है तथा कई कंपनियां उतारने की तैयारियां कर रही है। इसी के चलते सरकार ने भी बीएस-6 फ्यूल को दिल्ली में उपलब्ध करा दिया है।

हाल ही में इस बात की जानकारी पर्यावरण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने राज्यसभा में दी है। उन्होंने यह भी बताया कि देश में अगले साल से बीएस-6 अनुसरित वाले वाहन की बिक्री शुरू कर दी जायेगी। दिल्ली में प्रदूषण की रोकथाम के लिए यह बहुत जरूरी था।

माना जा रहा है देश में अन्य शहरों में भी अप्रैल 2020 तक बीएस-6 फ्यूल उपलब्ध करा दिया जाएगा। हालांकि वाहन निर्माता कंपनियों से तेल कंपनियों को तय समय सीमा से 30-45 दिन पहले यह फ्यूल उपलब्ध कराने की मांग की है।

एक रिपोर्ट के मुताबिक बीएस-6 फ्यूल में 5 गुना कम सल्फर मौजूद रहेगा तथा नाइट्रोजन ऑक्साइड का स्तर पेट्रोल में 25% व डीजल में 70% तक कम हो जाएगा। यह प्रदूषक के मुख्य तत्व में से है जिनके उत्सर्जन मात्रा में अब कमी आएगी।

टोयोटा यारिस: होंडा सिटी को टक्कर देने आयी यह शानदार कार, अभी करें टेस्ट ड्राइव
आगामी 1 अप्रैल 2020 से वाहनों में बीएस-6 इंजन अनिवार्य किये जाने के बाद अनुसरित फ्यूल को भी जल्द से जल्द लाने की कवायद चल रही थी। यह प्रदुषण स्तर को बहुत कम कर सकता है, कुछ ही समय में दिल्ली में PM-10 का स्तर कम हो गया है।

हालांकि यह जानना जरुरी है कि यदि बीएस-4 वाले वाहन में बीएस-6 फ्यूल का प्रयोग करने पर भी कोई हानि नहीं होगी, जबकि इंजन पहले से बेहतर चलेगा। यह फ्यूल बीएस-4, बीएस-3 वाले वाहनों के लिए और भी फायदेमंद है।

ड्राइवस्पार्क के विचार
देश में बीएस-6 इंजन वाले वाहन उतारने की शुरुआत हो चुकी है तथा मारुति सहित कई कंपनियों ने इनकी बिक्री शुरू कर दी है। इस वजह से बीएस-6 फ्यूल को उपलब्ध कराया जाना जरूरी हो गया था, आने वाले महीनों में अन्य प्रमुख शहरों में भी यह उपलब्ध होगा।


Click it and Unblock the Notifications