हवा की रफ्तार से भगा रहा था बाइक, सोशल मीडिया पर हुआ वायरल तो पुलिस ने पकड़ा
हाल ही बैंगलोर पुलिस ने एक मोटरसाइकिल चालक को खतरनाक ड्राइविंग व अधिक गति से बाइक चलाने के गिरफ्तार किया है। यह युवक शहर के इलेक्ट्रॉनिक सिटी फ्लाईओवर पर अपनी सुपरबाइक यामाहा आर1 पर करीब 300 किमी/घंटा की रफ्तार से चल रहा था।

यह यामाहा आर1 ओनर अपनी बाइक को पूरी गति से चला रहा था और इसका वीडियो उसने अपने इंस्टाग्राम पर डाला था। यही से उसका यह वीडियो वायरल हो गया और पुलिस तक पहुँच गया, उसके बाद पुलिस ने इस व्यक्ति को ट्रेस करके गिरफ्तार कर लिया तथा इसकी 1000 सीसी वाली बीके को भी जब्त कर लिया।

बैंगलोर पुलिस ने जानकारी दी है कि इस बाइक की ट्रैफिक पुलिस को सौंप दिया गया है, पुलिस ने एक पोस्ट करके इसकी जानकारी दी है। सामने आये वीडियो में देखा जा सकता है कि कैसे यह व्यक्ति गति बढ़ाते हुए 299 किमी/घंटा तक पहुंच जाता है।

जैसा कि देखा जा सकता है कि लॉकडाउन की वजह से ट्रैफिक में भारी कमी है इस वजह से खाली सड़क का लाभ लेते हुए यह व्यक्ति बाइक की गति लगातार बढ़ाते जा रहा है। थोड़े आगे ट्रैफिक देखने के बाद यह गति थोड़ी कम करता है लेकिन खाली सड़क देखकर फिर से बाइक की गति तेज कर देता है।

जहां तक बाइक की बात है तो इसे पुलिस जब्त कर ले जा चुकी है, जिसकी तस्वीरें भी सामने आई है। इसमें पुलिस कर्मी द्वारा यामाहा आर1 को ले जाते हुए देखा जा सकता है। यह एक पुराणी जनरेशन यामाहा आर1 है जिसमें कई आफ्टरमार्केट पार्ट्स लगाये गये हैं।

इस तरह की सुपरबाइक लेकर आम सड़क पर चलना एक बेवकूफी भरा कदम है। यह खुद के साथ अन्य लोगों की जान खतरे में डालने जैसा है, हालांकि इस घटना में ऐसा कुछ भी नहीं हुआ है लेकिन ऐसा करना पूरण रूप से गलत है।

हालांकि कुछ लोगों का मानना है कि भारत में ऐसे सुपरबाइक्स की बिक्री तो होती है लेकिन इन्हें उनकी पूर्ण क्षमता से चलाने पर गिरफ्तारी हो जाती है। ऐसी बाइक्स के लिए जर्मनी में ऑटोबाहन सड़क है जिन पर कोई गति सीमा नहीं हती है तथा कुछ ख़ास तरह के वाहन इसमें चल सकते हैं।

हालांकि कई जगह पर गति सीमा के बोर्ड लगे हुए है लेकिन जिन जगह पर गति सीमा नहीं दी गयी है वहां पर कितनी भी स्पीड से वाहन चलाए जा सकते हैं। यह तेज गति के दीवानों के लिए जन्नत जैसा है तथा इस तरह का विकल्प भारत में भी लाया जाना चाहिए।

हालांकि आम सड़क पर तेज गति से चलाया जाना बिल्कुल भी सही नहीं है तथा वीडियो मिलने के तुरंत बाद कार्यवाही करने पर बैंगलोर पुलिस की प्रशंसा की जानी चाहिए। लेकिन यह कई सवाल भी खड़े करता है कि इस तरह के बाइक को चलाने की सही जगह कहाँ है?
सामने आई तस्वीर में इस यामाहा आर1 बाइक को टो कराने की जगह पर पुलिसकर्मी द्वारा खुद चला के ले जाया जा रहा है, अगर ऐसे में बाइक को कोई नुकसान होता है तो उसकी भरपाई कैसे होगी? आपकी इस घटना पर क्या राय है हमें जरुर बताएं।


Click it and Unblock the Notifications