15 टिप्‍स जो आपकी कार की माइलेज बढ़ायें

By Saroj Malhotra

भारत में लोग कम कीमत में अध‍िक सफर करने में यकीन रखते हैं। यह देश माइलेज को लेकर काफी सजग है। ज्यादातर हिन्दुस्तानी गाड़ी चलाते समय अपने दिमाग में एक ही बात रखते हैं कि आख‍िर अपनी कार से अध‍िक से अध‍िक माइलेज कैसे हासिल की जाए। हालांकि, ईंधन बचाने की अपनी इस कोश‍िश में हममें से कई लोग लंबे समय में अपनी कार को नुकसान पहुंचा लेते हैं। इसकी बड़ी वजह ड्राइविंग से जुड़ी खराब आदतें होती हैं, जिनके कारण फायदे के स्थान पर कई बार नुकसान हो जाता है।

कार से बेहतर माइलेज हासिल करने के लिए हमने कुछ क्‍या करें क्‍या न करें की लिस्‍ट बनायी है। इसमें हमने आपकी सुरक्षा के साथ-साथ इस बात का भी खयाल रखा है कि कहीं आपकी कार को किसी प्रकार का नुकसान न हो। हमें उम्‍मीद है कि ये टिप्‍स न सिर्फ आपके पैसों की बचत करेंगे, बल्कि आपको अधिक सजग और बेहतर ड्राइवर बनायेंगे।

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अपनी कार की माइलेज बढ़ाने के 15 टिप्स

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बाबू जी, जरा धीरे चलो

बाबू जी, जरा धीरे चलो

अध‍िकतर कारें अपनी सर्वश्रेष्ठ माइलेज तभी देती हैं, जब उन्हें 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चलाया जाए। तो, यदि संभव हो, अपनी गाड़ी को इस तय रफ्तार से ज्यादा तेज या कम न चलायें। हाईवे पर 80-90 किलोमीटर की गति से तेज चलाने से कार की माइलेज में काफी गिरावट आ जाती है। तो जरा गाड़ी की स्पीड पर जरा संयम रखें। इसके साथ ही ट्रैफिक में इस रफ्तार को बनाये रखने के चक्कर में दुर्घटना हो सकती है, इसलिए इस बारे में जरा सोच-समझकर ही काम करें।

स्मूथ रखें

स्मूथ रखें

ईंधन बचाने का सबसे अच्छा तरीका यही है कि आप बार-बार गियर बदलने से बचें। आप जितनी स्मूथ ड्राइविंग करेंगे, ईंधन की खपत उतनी कम होगी। गाड़ी चलाते हुए सोचें कि गाड़ी के एक्सीलेटर पर अण्डा रखा है, यानी उस पर ज्यादा दबाव डालने से अण्डा टूट सकता है। इससे आप गाड़ी के एक्सीलेटर पर ज्यादा जोर नहीं डालेंगे। इसके साथ आगे देखें और पहले से अनुमान लगाना सीखें। जब आप यह देखें कि कोई लाल सिगनल आने वाला है, तो पहले ही गाड़ी की रफ्तार धीमी करनी शुरू कर दें। यह उससे कई मायनों में बेहतर रहेगा कि आप सिग्नल के करीब पहुंचने पर अचानक ब्रेक लगायें।

गियर आराम से बदलें

गियर आराम से बदलें

यह तो हम सब जानते हैं कि अपनी गाड़ी से श्रेष्ठ माइलेज लेने के लिए गियर जल्दी बदलने चाहिए। यह ड्राइविंग का हमारा नैचुरल स्टाइल है। लेकिन, हममें से कुछ लोग कभी भी लोअर गियर में गाड़ी न चलाने की गलती करते हैं। यदि आप सड़क के किनारे खड़े होकर गुजरने वाली गाडि़यों के इंजन की आवाजें सुनें, तो आपको ऐसा अहसास होगा जैसे गाड़ियां किसी पहाड़ी पर या किसी बड़े स्‍पीडब्रेकर पर जा रही हैं। इंजन की आवाज काफी तेज आती है। इसकी बड़ी वजह यह होती है कि ड्राइवर कई बार आलस के मारे या कई बार अनजाने में गियर कम नहीं करते। और इस तहर वे अधिक ईंधन फूंकते हैं। इसके साथ ही लंबे समय में उनकी कार को भी नुकसान होता है। तो, यदि कार को पहली गियर में चलाने की जरूरत है, तो संयम के साथ उसे पहले गियर में ही चलायें।

रेड लाइट पर गाड़ी बंद कर दें

रेड लाइट पर गाड़ी बंद कर दें

यह तो सामन्‍य सा नियम है। जहां भी आपको तीस सेकेण्‍ड से ज्‍यादा रुकना हो, वहां अपनी गाड़ी बंद कर दें। यदि आपको इससे कम वक्‍त लगने वाला हो, तो अपनी कार को बंद न करें, अन्‍यथा इसे स्‍टार्ट करने में आपको अधिक ईंधन की जरूरत होगी। हम भारतीय इस बात को अच्‍छी तरह मानते हैं, इसलिए इस पर ज्‍यादा बहस करने की जरूरत नहीं।

जब जरूरत न हो, तो एसी बंद कर दें

जब जरूरत न हो, तो एसी बंद कर दें

हम अपने देश के माहौल और वातावरण से अच्‍छी तरह वाकिफ हैं। तापमान और प्रदूषण के कारण लंबे समय तक शीशा नीचे करके गाड़ी चलाना संभव नहीं। नतीजा यह होता है कि एसी हर समय चलता रहता है। लेकिन, एसी काम करने के लिए काफी शक्ति और ईंधन की खपत करता है। तो, जब भी हो सके, एसी बंद कर दें। इसके साथ ही यदि आपकी कार में लगा एसी क्लाइमेट कंट्रोल के विकल्‍प के साथ आता है, तो उसे 'ऑटो' मोड पर कर दें और ब्‍लोअर की गति भी धीमी कर दें। इससे ईंधन की खपत कम हो जाएगी। और हां हाईवे पर तेज रफ्तार के दौरान एसी ऑन और खिड़कियों को ऊंचा रखें। क्‍योंकि तेज रफ्तार पर शीशे खुले रखने से कार के अंदर दबाव बनने लगता है, जिससे इंजन पर जोर पड़ता है और ईंधन की खपत बढ़ जाती है।

सही टायर और सही प्रेशर चुनें

सही टायर और सही प्रेशर चुनें

यह बहुत जरूरी है। टायर में हवा का सही दबाव रखने से आपकी कार की माइलेज 3 फीसदी से कुछ ज्‍यादा बढ़ जाती है। सुनने में यह बहुत कम लग सकता है, लेकिन लंबे समय में इसके काफी फायदे होते हैं। इसके साथ ही लोअर रोलिंग रेजिस्टेंस वाले टायरों का इस्‍तेमाल करें, जिससे ऊर्जा की कम खपत हो। यदि आपने अपनी कार में एलॉय व्‍हील लगाये हैं, तो लंबी दूरी के लिए नियमित टायरों को ही चुनें। क्‍योंकि नियमित टायर ईंधन की खपत को कम करने में मदद करते हैं। ये हाई-परफॉरमेंस टायर जहां, बेहतर ग्रिप और हैंडलिंग देते हैं, वहीं इनका रोलिंग रेजिस्टेंस भी अधिक होता है, जिससे कार की ईंधन की खपत बढ़ जाती है।

कार की नियमित सर्विस करवायें

कार की नियमित सर्विस करवायें

इस बात को अच्‍छी तरह याद रखें कि जिस कार की सर्विस नियमित रूप से नहीं की जाएगी, उसकी ईंधन की खपत भी कम होगी। इस बात का पूरी तरह ध्‍यान रखें कि आपकी कार की नियमित सर्विस होती हो। कार का एयर-फिल्‍टर, फ्यूल फिल्‍टर और स्‍पार्क प्‍लग जांचने को अपनी आदत बना लें। इसके साथ ही 60 हजार किलोमीटर चलने के बाद कार का ऑक्‍सीजन सेंसर भी जांच लें। खराब सेंसर आपकी कार की माइलेज को 20 फीसदी तक कम कर सकता है। ऑक्‍सीजन सेंसर एमिशन कंट्रोल सिस्‍टम का हिस्‍सा होता है, जो इंजन को क्षमतापूर्वक काम करने में मदद करता है। यह फ्यूल मिक्‍चर की इंजन में आने की मात्रा को नियंत्रित करने का काम करता है।

कार पर कम बोझ डालें

कार पर कम बोझ डालें

कार जितनी भारी होगी, वह उतना ही अधिक ईंधन इस्‍तेमाल करेगी। तो, अपनी कार में बेकार के सामान और गैरजरूरी कबाड़ न लादें। इससे न केवल ईंधन की बचत होगी, बल्कि आपकी कार अच्‍छी भी लगेगी।

सुबह भरवायें तेल

सुबह भरवायें तेल

सुबह के समय ईंधन सघन अथवा गाढ़ा होता है। तो ईंधन भरवाने के लिए यह समय सबसे अच्‍छा माना जाता है। सुबह जल्‍दी उठकर अपनी कार में पेट्रोल, डीजल या गैस भरवाइये। पम्‍प ईंधन को मात्रा से मापता है, तो इस दौरान आपको अधिक तेल मिल सकता है। गर्मी के दिनों में यदि संभव हो तो, सुबह-सवेरे ही ईंधन भरवा लें। लेकिन, याद रखें तेल भरवाने के बाद फ्यूल कैप अच्‍छे से बंद करें। क्‍योंकि ईंधन वाष्पित हो सकता है, जिसका असर आपकी कार की माइलेज पर पड़ता है।

पहले से योजना बनायें

पहले से योजना बनायें

कितनी ही बार आप पत्‍नी के साथ साप्‍ताहिक शॉपिंग पर निकलते हैं और चक्‍कर खाकर वापस आ जाते हैं। शॉपिंग के लिए कम से कम जगह जाने की योजना बनायें। कैसा रहे अगर यह खरीदारी मॉल जैसे वन स्‍टॉप स्‍थान से की जा सके। इसके साथ ही अपना स्‍वभाव नियंत्रित रखें और अपने रूट को जीपीएस पर देखने से भी आप जाम जैसी समस्‍याओं से बच सकते हैं। इससे आप अच्‍छी खासी मात्रा में ईंधन बचा सकते हैं।

हमेंशा अच्‍छे ईंधन और लु्ब्रिकेंट का इस्‍तेमाल करें

हमेंशा अच्‍छे ईंधन और लु्ब्रिकेंट का इस्‍तेमाल करें

ऑयल कंपनियां बेहतर पावर, माइलेज और इंफिशियंसी के लिए 'स्‍पेशल' फ्यूल होने का दावा करती हैं। वे आपको सलाह देते हैं कि आप अपनी कार को उच्‍च ऑक्‍टेन फ्यूल पर चलायें। लेकिन, संभव है कि इससे आपकी कार की माइलेज पर कोई फर्क न पड़े क्‍योंकि शायद आपकी कार का इंजन इस हिसाब से डिजाइन ही नहीं किया गया है। तो, ऐसे में आपके पैसे बचाने के बजाय दरअसल, ईंधन पर आपकी खपत बढ़ जाती है, क्‍योंकि ईंधन के इन वेरिएंट की कीमत सामान्‍य से अधिक होती है। अच्‍छा है कि आप कार निर्माता कंपनी द्वारा सुझाये गए ईंधन और इंजन ऑयल का ही इस्‍तेमाल करें। इससे आपकी कार की परफॉरमेंस अच्‍छी रहेगी।

संभव हो तो ऑटोमैटिक कार को मैनुअल पर चलायें

संभव हो तो ऑटोमैटिक कार को मैनुअल पर चलायें

अधिकतर ऑटो बॉक्‍स इस हिसाब से डिजाइन किये जाते हैं कि वे एक निश्‍चित स्‍पीड तक पहुंचने से पहले गियर ऊपर नहीं करते। इसका एक फायदा यह है कि यह गियर ऊपर करने के लिए पर्याप्‍त टॉर्क उपलब्‍ध कराता है और साथ ही गियर ऊपर करने में लगने वाले ईंधन की खपत को भी कम करता है। हालांकि, ऑटोमैटिक गियरबॉक्‍स आमतौर पर यह समझने में नाकाम रहते हैं कि कहां कम टॉर्क की जरूरत है और इसका नतीजा यह होता है कि यह इंजन को जरूरत से कम गियर में चलाने लगते हैं, इसके परिणाम स्‍वरूप ईंधन की खपत बढ़ जाती है। तो अगर आपके गियर बॉक्‍स में मैनुअल ऑप्‍शन है, तो उसका इस्‍तेमाल करें और अपनी कार की माइलेज में इजाफा करें।

बड़ी गाडि़यों का पीछा करें

बड़ी गाडि़यों का पीछा करें

यदि आपको अपने गंतव्‍य पर पहुंचने की कोई जल्‍दी नहीं है, तो इस नियम को अपनायें। बड़ी गाडि़यों के पीछे चलना वास्‍तव में तनाव रहित तरीका है ड्राइविंग करने का। क्‍योंकि आमतौर पर वे बड़े ही स्‍मूथ तरीके से लेन बदलते हैं और साथ ही ट्रैफिक और हाईवे से सबसे छोटा रास्‍ता निकालने में भी माहिर होते हैं। उचित दूरी से किसी ट्रक अथवा बस के पीछे-पीछे चलना ईंधन बचाने में मदद करता है, क्‍योंकि इससे आपकी कार पर कम दबाव पड़ता है। हालांकि, हम जानते हैं कि हर बार ऐसा कर पाना संभव नहीं होता।

स्‍टार्ट से पहले हों ड्राइविंग के लिए तैयार

स्‍टार्ट से पहले हों ड्राइविंग के लिए तैयार

अगर आपने देखा हो, तो हम कार स्‍टार्ट करने के बाद बाकी जरूरी काम करते हैं, जैसे चश्‍मा पहनना, सीट बेल्‍ट बांधना, दरवाजे लॉक करना, शीशा एडजस्‍ट करना आदि। यदि हम कार स्‍टार्ट करने से पहले इन कामों को कर लें, तो एक दो मिनट तक होने वाली ईंधन की बर्बादी को रोक सकते हैं।

घर पर कार उल्‍टी पार्क करें

घर पर कार उल्‍टी पार्क करें

जब आप काम से घर लौटें तो कोशिश करें कि अपनी कार को गैरेज में उल्‍टा पार्क करें। बेशक, यह नियम उन लोगों पर लागू होता है, जिनके पास फ्लैट है और ईजी-टू-एक्‍सेस ड्राइवे है। इससे आप रोजाना कीमती ईंधन बचा सकते हैं। क्‍योंकि आपको सुबह-सवेरे जब इंजन ठंडा हो, तो रिवर्स करने के झंझट से आजादी मिलेगी।

और अंत में

और अंत में

हमें यकीन है कि ये टिप्‍स आपको काफी उपयोगी लगे होंगे। और हम उम्‍मीद करते हैं कि इससे आपके पैसों की बचत भी होगी। यह जानना भी खुशी की बात है कि इन टिप्‍स को आसानी से फॉलो किया जा सकता है। लेकिन, लंबे समय में इनके परिणाम काफी प्रभावशाली साबित हो सकते हैं।

यदि आपको इनके अलावा कुछ और ट्रिक्‍स पता हों, जो आपने अपने ड्राइविंग अनुभवों से सीखे हों, तो उन्‍हें हमारे साथ जरूर साझा करें। और यदि आपको यह जानकारी उपयोगी लगी हो, तो हमें जरूर बतायें।

Hindi
English summary
Our mileage tips for cars to save you big! Read our tips for getting better mileage & learn how to improve your car’s mileage & fuel economy.
 
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