₹5.79 लाख की Maruti Suzuki Swift को खरीदने का पूरा कैलकुलेशन, जानें ₹5 लाख के लोन पर कितनी बनेगी EMI?
Maruti Suzuki Swift Finance Plan: मारुति सुजुकी स्विफ्ट देश की सबसे ज्यादा बिकने वाली हैचबैक कारों में से एक है। इसकी शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत 5,78,900 रुपये यानी लगभग 5.79 लाख रुपये है। अगर आप इसके बेस वेरिएंट LXI को खरीदने की योजना बना रहे हैं और 78,900 रुपये का डाउन पेमेंट देकर 5 लाख रुपये का ऑटो लोन लेते हैं, तो आपकी मासिक EMI ब्याज दर और अवधि के अनुसार तय होगी। हम यहां पर आपको 5 लाख रुपये के लोन अमाउंट का पूरा कैलकुलेशन बता रहे हैं, जिसमें RTO और इंश्योरेंस शामिल नहीं हैं। आइए इसके बारे में विस्तार में जानते हैं।

8% ब्याज दर पर EMI का कैलकुलेशन
अगर आप 8 प्रतिशत की दर से 5 लाख रुपये का लोन लेते हैं, तो 3 साल के लिए EMI 15,668 रुपये बनेगी। 4 साल के लिए यह 12,206 रुपये होगी। 5 साल के लिए EMI घटकर 10,138 रुपये रह जाएगी। 6 साल की अवधि पर 8,767 रुपये और 7 साल के लिए 7,793 रुपये की मासिक किस्त बनेगी। कम अवधि में EMI ज्यादा होती है लेकिन कुल ब्याज कम चुकाना पड़ता है।
| ब्याज दर | अवधि (टेन्योर) | मंथली EMI |
|---|---|---|
| 8% | 3 साल | ₹15,668 |
| 8% | 4 साल | ₹12,206 |
| 8% | 5 साल | ₹10,138 |
| 8% | 6 साल | ₹8,767 |
| 8% | 7 साल | ₹7,793 |
| 8.5% | 3 साल | ₹15,784 |
| 8.5% | 4 साल | ₹12,324 |
| 8.5% | 5 साल | ₹10,258 |
| 8.5% | 6 साल | ₹8,889 |
| 8.5% | 7 साल | ₹7,918 |
| 9% | 3 साल | ₹15,900 |
| 9% | 4 साल | ₹12,443 |
| 9% | 5 साल | ₹10,379 |
| 9% | 6 साल | ₹9,013 |
| 9% | 7 साल | ₹8,045 |
| 9.5% | 3 साल | ₹16,016 |
| 9.5% | 4 साल | ₹12,562 |
| 9.5% | 5 साल | ₹10,501 |
| 9.5% | 6 साल | ₹9,137 |
| 9.5% | 7 साल | ₹8,172 |
| 10% | 3 साल | ₹16,134 |
| 10% | 4 साल | ₹12,681 |
| 10% | 5 साल | ₹10,624 |
| 10% | 6 साल | ₹9,263 |
| 10% | 7 साल | ₹8,301 |
8.5% ब्याज दर पर EMI का असर
8.5 प्रतिशत ब्याज दर पर 3 साल के लिए EMI 15,784 रुपये होगी। 4 साल में यह 12,324 रुपये रहेगी। 5 साल के लिए 10,258 रुपये, 6 साल के लिए 8,889 रुपये और 7 साल के लिए 7,918 रुपये की मासिक किस्त देनी होगी। ब्याज दर में आधा प्रतिशत बढ़ोतरी EMI पर सीधा असर डालती है।
9% ब्याज दर पर EMI कितनी होगी?
यदि ब्याज दर 9 प्रतिशत है, तो 3 साल की EMI 15,900 रुपये होगी। 4 साल के लिए 12,443 रुपये, 5 साल के लिए 10,379 रुपये, 6 साल के लिए 9,013 रुपये और 7 साल के लिए 8,045 रुपये प्रति माह चुकाने होंगे।
9.5% ब्याज दर पर लोन का कैलकुलेशन
9.5 प्रतिशत की दर से 3 साल के लिए EMI 16,016 रुपये बनती है। 4 साल की अवधि में 12,562 रुपये, 5 साल में 10,501 रुपये, 6 साल में 9,137 रुपये और 7 साल के लिए 8,172 रुपये प्रति माह देने होंगे।
10% ब्याज दर पर EMI का अनुमान
यदि बैंक 10 प्रतिशत की दर से लोन देता है, तो 3 साल के लिए EMI 16,134 रुपये होगी। 4 साल के लिए 12,681 रुपये, 5 साल के लिए 10,624 रुपये, 6 साल के लिए 9,263 रुपये और 7 साल के लिए 8,301 रुपये प्रति माह चुकाने होंगे। स्पष्ट है कि ब्याज दर जितनी ज्यादा होगी, EMI उतनी बढ़ेगी।
इंजन और माइलेज की जानकारी
नई स्विफ्ट में 1.2 लीटर Z12E 3-सिलेंडर NA पेट्रोल इंजन दिया गया है, जो 80bhp की पावर और 112Nm का टॉर्क जनरेट करता है। इसमें माइल्ड हाइब्रिड सेटअप मिलता है। इसमें 5-स्पीड मैनुअल और 5-स्पीड AMT गियरबॉक्स का विकल्प दिया गया है। कंपनी के अनुसार पेट्रोल मैनुअल का माइलेज 24.80 kmpl, पेट्रोल AMT का माइलेज 25.75 kmpl और पेट्रोल CNG मैनुअल का माइलेज 32.85 km/kg तक है।
केबिन और टेक्नोलॉजी फीचर्स
नई स्विफ्ट का केबिन पहले से ज्यादा प्रीमियम नजर आता है। इसमें 9 इंच की फ्री-स्टैंडिंग इंफोटेनमेंट स्क्रीन दी गई है, जो वायरलेस एंड्रॉयड ऑटो और एप्पल कारप्ले सपोर्ट करती है। इसके अलावा रियर AC वेंट्स, वायरलेस चार्जर, डुअल चार्जिंग पोर्ट और रियर व्यू कैमरा जैसे फीचर्स मिलते हैं। सेंटर कंसोल को नए डिजाइन के साथ पेश किया गया है और इसमें ऑटो क्लाइमेट कंट्रोल पैनल भी दिया गया है।
सेफ्टी फीचर्स में क्या मिलता है?
सेफ्टी के लिहाज से इस कार में सभी वेरिएंट्स में 6 एयरबैग मिलते हैं। इसके साथ ESP, हिल होल्ड कंट्रोल, एंटी-लॉक ब्रेकिंग सिस्टम, इलेक्ट्रॉनिक ब्रेकफोर्स डिस्ट्रीब्यूशन, ब्रेक असिस्ट और क्रूज कंट्रोल जैसे फीचर्स दिए गए हैं। सभी सीटों के लिए 3-पॉइंट सीट बेल्ट और नया सस्पेंशन सेटअप भी शामिल है।
क्या यह सही फैसला होगा?
अगर आप सीमित बजट में कम डाउन पेमेंट देकर एक भरोसेमंद और ज्यादा माइलेज वाली हैचबैक खरीदना चाहते हैं, तो स्विफ्ट LXI एक व्यावहारिक विकल्प साबित हो सकती है। 5 साल के लिए 8 प्रतिशत ब्याज दर पर लगभग ₹10,138 की EMI मिडिल क्लास खरीदारों के लिए संतुलित मानी जा सकती है। हालांकि, लोन लेने से पहले अपनी मासिक आय और अन्य खर्चों का आकलन जरूर करें।
डिस्क्लेमर: इस कैलकुलेशन में RTO और इंश्योरेंस का खर्च शामिल नहीं है। ब्याज दर बढ़ने पर EMI बढ़ती है, जबकि लंबी अवधि चुनने पर EMI कम लेकिन कुल ब्याज ज्यादा हो सकता है।


Click it and Unblock the Notifications








