Road Accident Fatalities: सड़क हादसों में होने वाली मौतों को 50 फीसदी तक किया जाएगा कम
केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने सोमवार को उम्मीद जताई कि देश में सड़क दुर्घटनाओं और उसमे होने वाली मौतों को 50 प्रतिशत तक कम कर लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में घायल होने वाले लोगों की जान बचाने में सरकार किसी भी तरह की लापरवाही नहीं बरतेगी और उनके सही इलाज को सुनिश्चित करेगी।

नितिन गडकरी ने बताया कि देश में हर दिन लगभग 415 लोग सड़क दुर्घटनाओं में मारे जाते हैं। इन आंकड़ों को कम करने के लिए सरकार सड़क सुरक्षा के प्रति अपनी नीति में व्यापक बदलाव लाने वाली है। उन्होंने कहा कि लोगों के जीवन को बचाने के काम में तेजी लाने की जरूरत है।

मंत्री ने कहा कि पिछले साल, केंद्र सरकार ने स्वीडन में एक सम्मेलन में भाग लिया था जहां 2030 तक भारत में शून्य सड़क दुर्घटनाओं के लिए एक अवधारणा पर विचार किया गया था। हमने वादा किया था कि हम मौतों और दुर्घटनाओं में 50 फीसदी की कमी लाएंगे।

उन्होंने कहा, "आज, तमिलनाडु की सफलता की कहानी सबके सामने है। तमिलनाडु में सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता और नियमों में सुधार लाकर दुर्घटनाओं और मौतों में 53 प्रतिशत की कमी की है।"

उन्होंने कहा कि अगर हम 2030 तक इंतजार करते रहेंगे, तो इस दौरान कम से कम 6-7 लाख लोग सड़क दुर्घटनाओं में मारे जा चुके होंगे। मंत्री ने कहा कि 2025 से पहले, देश में मौतों और दुर्घटनाओं में 50 प्रतिशत की कमी करने की कोशिश होगी।

गडकरी ने यह भी कहा कि सरकार सड़कों की स्थिति जानने और उन्हें ठीक करने के लिए 14,000 करोड़ रुपये के पैकेज की घोषणा कर सकती है। विश्व बैंक और एडीबी (एशियाई विकास बैंक) ने 7,000 करोड़ रुपये की दो परियोजनाओं को मंजूरी दी है।

वित्त मंत्रालय से मंजूरी मिलने के बाद जल्द ही इस योजना पर काम शुरू होने की उम्मीद हैं। इस परियोजना में खराब सड़कों और जोखिम भरे रास्तों का पता लगाया जाएगा। इस परियोजना की कुल लगत 14,000 करोड़ रुपये होगी।

मंत्री ने यह भी उम्मीद जताई कि मार्च के अंत तक, प्रति दिन 40 किमी का सड़क निर्माण लक्ष्य प्राप्त किया जाएगा। गडकरी ने कहा, "इस बार, अब तक, हमने सड़क निर्माण का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। आज, हम 30 किमी से अधिक तक पहुंच चुके हैं, संभवत: मार्च के अंत तक हम 40 किमी प्रति दिन के सड़क निर्माण तक पहुंच जाएंगे।"

इस अवसर पर उपस्थित रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं के कारण होने वाली मौतों से न केवल जीवन का नुकसान होता है, बल्कि देश की अर्थव्यवस्था पर भी प्रहार होता है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह जैसे कार्यक्रम न केवल लोगों में विश्वास बढ़ाते हैं बल्कि जागरूकता बढ़ाने में भी मदद करते हैं।

सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्य मंत्री वी के सिंह ने कहा कि विभिन्न कारणों से हर साल लगभग 1.5 लाख लोग सड़क पर मर जाते हैं। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह का उपयोग सुरक्षा को संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए किया जाना चाहिए।

बढ़ते हादसों पर लगाम लगाने के लिए उन्होंने कहा कि मंत्रालय ने कई तरह की पहल की हैं। नीती आयोग के सीईओ अमिताभ कांत ने कहा कि भारत एक ऐसा देश है जहां 85 प्रतिशत लोग यात्रा करते हैं और 65 प्रतिशत माल यात्रा सड़क मार्ग से होती है।


Click it and Unblock the Notifications