सिर्फ 80 रुपये में इंस्टॉल करें किसी भी कार में एसी वेंट्स, गर्मी से मिलेगा छुटकारा
भारत में मई-जून के माह में झुलसाने वाली गर्मी का सामना करना पड़ता है, जिसमें अगर आप 4-व्हीलर व्हीकल से यात्रा कर रहे हैं, तो एयर कंडीशनिंग बहुत आवश्यक हो जाती है। अगर आप लंबी दूरी की यात्रा कर रहे हैं तो आपको शांत रहने और शांत दिमाग के साथ एयर कंडीशनिंग का इस्तेमाल करने की बहुत जरूरत होती है।

देखा जाए तो अगली सीट के यात्री और ड्राइवर के लिए तो सभी कारों में एसी वेंट्स होते हैं, लेकिन रियर पैसेंजर्स के लिए एसी वेंट्स हर कार में नहीं मिलते हैं। इसका मतलब यह होता है कि ऐसी कारों के केबिन को पिछले हिस्से में ठंडा होने में समय लगता है।

यहां हम आपको एक वीडियो दिखाने जा रहे हैं, जिसमें एक कार में रियर एसी वेंट्स इंस्टॉल करते हुए दिखाया गया है। हैरानी की बात तो यह है कि इसके लिए सिर्फ 80 रुपये का खर्चा किया गया है। यह वीडियो EASY LIFE IDEAS नाम के एक यूट्यूब चैनल पर अपलोड किया गया है।

य़ह वीडियो काम कर रहे रियर एसी वेंट को दिखाते हुए शुरू होता है। वीडियो का होस्ट सबसे पहले चार स्क्रू को हटाकर सेंटर टनल को खोलता है। यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि स्क्रू प्लेसमेंट हर वाहन में अलग-अलग हो सकते हैं। स्क्रू खुल जाने के बाद सेंटर कंसोल को आसानी से उठाया जा सकता है।

होस्ट सेंटर कंसोल के बाकी हिस्सों को अलग कर देता है। इसके बाद वह ड्रिल मशीन के साथ सेंटर कंसोल के पीछे के हिस्से में एक छेद बनाता है। फिर वह इस छेद में एक लचीली ड्रेन पाइप को लगाता है। पाइप सेंटर कंसोल के नीचे बैठाया जाता है, ताकि यह दिखाई न दे।

सेंटर कंसोल के सामने की ओर हैंडब्रेक और गियर लीवर के बीच से पाइप को ले जाया जाता है। पाइप के दूसरे सिरे को डैशबोर्ड के नीचे रखे एयर कंडीशनिंग वेंट से जोड़ दिया जाता है। आमतौर पर इस एयर कंडीशनिंग वेंट का इस्तेमाल सामने वाले यात्री के पैरों को हवा देने के लिए किया जाता है।
लेकिन इस मॉडिफिकेशन में इस वेंट का इस्तेमाल केबिन के पीछे के हिस्से को हवा देने के लिए किया जा रहा है। इसलिए अब जब आप एयर-कॉन सेटिंग से अप और डाउन एयर ब्लो का ऑप्शन चुनते हैं, तो एसी आगे और पीछे दोनों पंक्ति में हवा देने लगता है।

लेकिन इस मॉडिफिकेशन को करने से पहले आपको कुछ बातों का ध्यान रखना होगा, जिससे आपको कार को नुकसान हो सकता है। गियर टनल के नीचे का क्षेत्र काफी गर्म हो सकता है, इसलिए संभावना है कि ड्रेन पाइप पिघल जाए क्योंकि यह ज्यादा मोटी प्लास्टिक से बना नहीं होता है।

वहीं अगर पाइप लीक हो जाता है, तो ठंडी हवा से गियर लीवर और ट्रांसमिशन खराब हो सकता है। इस तरह के मॉडिफिकेशन कार की वारंटी को समाप्त कर सकते हैं। ड्रेन पाइप को सेंटर कंसोल के बीच ठीक से रूट करना चाहिए, वरना यह अंदर के फंक्शन पर असर कर सकता है।


Click it and Unblock the Notifications








