चिप की कमी से वाहन कंपनियां हो रही प्रभावित, उत्पादन में हो रही भारी कमी

दुनिया भर में चिप की भारी कमी हो रही है जिससे वाहन निर्माता कंपनियां भारी प्रभावित हुई है और यही कारण है कि कई वाहन कंपनियों ने उत्पादन में भारी कमी आई है। देश और दुनिया के कई बड़े वाहन निर्माता इस समस्या से जूझ रहे हैं, माना जा रहा है कि यह जल्द ही खत्म नहीं होने वाली है।

चिप की कमी से वाहन कंपनियां हो रही प्रभावित, उत्पादन में हो रही भारी कमी

जैसा कि हम जानते हैं कारों में कई तरह के इलेक्ट्रॉनिक लगे होते हैं। कारों में यह इलेक्ट्रॉनिक कई तरह के चिप व विभिन्न सर्किट से तैयार की जाती है और इनके उत्पादन के लिए सेमीकंडक्टर की जरूरत पड़ती है। इसके लिए सेमीकंडक्टर इंडस्ट्री मांग को पूरा करने में लगी हुई है।

चिप की कमी से वाहन कंपनियां हो रही प्रभावित, उत्पादन में हो रही भारी कमी

बतातें चले कि सेमीकंडक्टर का उत्पादन कई पूर्वी देशों द्वारा किया जाता है। इसका बड़ा कारण सस्ते लेबर व आसान नियम है, जिससे कंपनियों को अधिक लाभ होता है। हालाँकि आज हम इससे इतर चिप की कमी की बात करने वाले हैं जो वाहन उत्पादन के लिए बुरी खबर साबित हो रही है।

चिप की कमी से वाहन कंपनियां हो रही प्रभावित, उत्पादन में हो रही भारी कमी

दुनिया के प्रसिद्ध वाहन निर्माता कम्पनियां जैसे फॉक्सवैगन, टोयोटा, जिली ने अपने वाहन उत्पादन में कमी की घोषणा की है। इसी तरह का हाल भारत में वाहन निर्माण करने वाली कंपनियों का है, खासतौर पर मारुति सुजुकी इससे बहुत प्रभावित हुई है।

चिप की कमी से वाहन कंपनियां हो रही प्रभावित, उत्पादन में हो रही भारी कमी

मारुति सुजुकी के उत्पादन में अगस्त 2021 में भारी कटौती हो सकती है। खबर है कि मारुति सुजुकी की अगस्त में प्रोडक्शन में 30 - 40% की भारी कमी आ सकती है, इस वजह से वाहनों की डिलीवरी में देरी हो सकती है। देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी अगस्त में 50,000-60,000 यूनिट कम कारों का उत्पादन करने वाली है।

चिप की कमी से वाहन कंपनियां हो रही प्रभावित, उत्पादन में हो रही भारी कमी

सुजुकी मोटर्स ने अनुमान लगाया था कि इस साल उत्पादन में 5% यानि 70,000-80,000 यूनिट वाहनों की कमी हो सकती है। लेकिन अकेले अगस्त में ही इसकी तीन चौथाई कटौती हो सकती है। कंपनी ने बताया कि इस महीने 110,000-120,000 यूनिट वाहनों का उत्पादन करने वाली है।

चिप की कमी से वाहन कंपनियां हो रही प्रभावित, उत्पादन में हो रही भारी कमी

वहीं महिंद्रा जैसी कंपनी अपने लोकप्रिय वाहनों को बिना इंफोटेनमेंट के डीलर्स के पास भेज रहे हैं और उसके बाद डीलर्स ग्राहकों को इंफोटेनमेंट सिस्टम लगा के दे रहे हैं। ग्राहकों के वाहन डिलीवरी की मांग को पूरा करने के लिए कंपनी यह तकनीक अपना रही है।

चिप की कमी से वाहन कंपनियां हो रही प्रभावित, उत्पादन में हो रही भारी कमी

हालाँकि अभी इस स्थिति से निपटने की तैयारी कर रहे हैं। कोविड की वजह से वाहन बिक्री भारत में खूब प्रभावित हुई है और अब Raw Materials के बढ़ते दाम, फ्यूल के बढ़ते दाम की वजह से बिक्री कम है, त्योहारी सीजन में अब किस तरह से ग्राहकों की मांग पूरी होती है यह देखना होगा।

चिप की कमी से वाहन कंपनियां हो रही प्रभावित, उत्पादन में हो रही भारी कमी

ड्राइवस्पार्क के विचार

वर्तमान में सेमीकंडक्टर की समस्या से निपटने के लिए टाटा ग्रुप ने इलेक्ट्रॉनिक के क्षेत्र में कदम रखा है जिस वजह से बाहरी कंपनियों पर निर्भरता कम की जाए व लागत में भी कमी आये।

Article Published On: Monday, August 23, 2021, 12:56 [IST]
English summary
Chip shortage affecting vehicle production of major companies details
Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+