Character Certificate For DL In MP: मध्य प्रदेश में ड्राइविंग लाइसेंस के लिए लगेगा चरित्र प्रमाण पत्र, जानें
मध्य प्रदेश में ड्राइविंग लाइसेंस हासिल करना अब और मुश्किल हो गया है। परिवहन विभाग के एक नए आदेश के अनुसार मध्य प्रदेश में नए ड्राइविंग लाइसेंस के लिए आवेदन करने वाले व्यक्तियों को एक चरित्र प्रमाण पत्र भी देना होगा। यह फैसला राज्य के मुख्यमंत्री के द्वारा लिया गया है।

शिवराज सिंह चौहान ने घोषणा की कि सरकार राज्य में माफियाओं और महिलाओं के खिलाफ होने वाले अपराधों को अंजाम देने वालों को बिल्कुल भी नहीं छोड़ेगी। इस आदेश में यह भी कहा गया है कि जिन व्यक्तियों पर महिलाओं के खिलाफ अपराध का आरोप है, उनका ड्राइविंग लाइसेंस रद्द कर दिया जाएगा।

पुलिस प्रशिक्षण और अनुसंधान संस्थान (पीटीआरआई), पुलिस मुख्यालय से मिले निर्देश के अनुसार सभी क्षेत्रीय और जिला परिवहन अधिकारियों को उन व्यक्तियों के सभी ड्राइविंग लाइसेंस को निलंबित करने का निर्देश दिया गया है जो महिलाओं के खिलाफ अपराध के आरोपी हैं।

नए आदेश को जल्द पूरा करने के लिए विभाग सूचनाओं का समन्वय और आदान-प्रदान करेंगे। परिवहन मंत्री ने भी नए आदेश पर अपना बयान दिया है। उन्होंने कहा कि "नया कदम निश्चित रूप से राज्य में महिलाओं के खिलाफ अपराध को कम करने में मदद करेगा।"

उन्होंने कहा कि "नए ड्राइविंग लाइसेंस के लिए आवेदन करने से पहले सभी नए ड्राइवरों को एक चरित्र प्रमाण पत्र प्राप्त करना होगा।" ध्यान देने वाली बात यह है कि किसी भी व्यक्ति का एक चरित्र प्रमाण पत्र स्थानीय पुलिस स्टेशन द्वारा प्रदान किया जाता है।

चरित्र प्रमाण पत्र यह सुनिश्चित करता है कि आवेदन करने वाले व्यक्ति के खिलाफ किसी भी तरह के आपराधिक मामले नहीं हैं। बता दें कि स्थानीय पुलिस स्टेशन के अलावा कई संस्थानों और कार्यस्थलों को चरित्र प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने की भी आवश्यकता होती है।

हालांकि यह पहली बार है कि किसी सरकार ने भारत में ड्राइविंग लाइसेंस प्राप्त करने के लिए चरित्र प्रमाण पत्र को अनिवार्य दस्तावेज बनाया है। इस कदम से यह सुनिश्चित होगा कि कम संख्या में अपराधियों को भारत में ड्राइविंग लाइसेंस मिल पाएंगे।

हालांकि देखने वाली बात यह भी है कि चरित्र प्रमाण पत्र के लिए कई लोगों को पुलिस द्वारा परेशान भी किया जा सकता है। बता दें कि पूरे भारत में राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में सड़क दुर्घटनाओं और दुर्घटनाओं को कम करने के लिए नियमों को कड़ा किया गया है।

महाराष्ट्र पुलिस की बात करें तो यहां पर विभाग ने एक नया अभियान शुरू किया है, जिसके तहता वे सीसीटीवी फुटेज में अपराधियों की तलाश करते हैं और फिर उन्हें नोटिस भेजते हैं और उनके खिलाफ एफआईआर भी दर्ज करते हैं।


Click it and Unblock the Notifications