फ्रैंकफर्ट मोटर शो से सीधे भारत आ रही है ये शानदार 8 कारें
इस वक्त साल 2017 का फ्रैंकफर्ट मोटर शो चल रहा था और वहां से भारत कई कारें आ रही हैं। आइए इस खबर के बारे में विस्तार से जानते हैं।
इस वक्त फ्रैंकफर्ट मोटर शो, चल रहा है और यहां अब तक 13 कांसेप्ट के साथ करीब 40 से अधिक वाहन प्रदर्शित किए जा सकते हैं। लेकिन हम आपको यहां आज कुछ ऐसी कारों की सूची देने जा रहे हैं जो सीधे फ्रैंकफोर्ट शो से भारत आ रही है।

रेनो डस्टर
रेनो के यूरोपीय ब्रांड डेसिया ने 2017 फ्रैंकफर्ट मोटर शो में अगले पीढ़ी की डस्टर का अनावरण किया। नई डस्टर एसयूवी को बाहरी और इंटीरियर डिजाइन प्राप्त होता है। रेनो ने बड़े कैबिन की पेशकश करने के लिए 100 मिमी से विंडस्क्रीन को बढ़ा दिया है।
नई पीढ़ी के रेनॉल्ट डस्टर एक क्रांति के बजाय विकसित हुआ है। मैकेनिकल डिपार्टमेंट में नई रेनो डस्टर में यह उम्मीद की जाती है कि वह वर्तमान मॉडल के समान ड्राफ्ट्रेन के साथ पेश किए जाएंगे।
अपेक्षित लॉन्च की तारीख: 2018 की शुरूआत

सुजुकी स्विफ्ट स्पोर्ट
2017 फ्रैंकफर्ट मोटर शो में प्रदर्शित नई सुजुकी स्विफ्ट स्पोर्ट, अगली पीढ़ी के मारुति स्विफ्ट के स्पोर्टियर एडिशन है। पहली बार, स्विफ्ट स्पोर्ट में 1.4 लीटर टर्बोचार्ज्ड इंजन की सुविधा दी गई है, जो पिछली पीढ़ी की स्विफ्ट स्पोर्ट में दिखाई देने वाले 1.6 लीटर स्वाभाविक रूप से एप्रीटेन्ट यूनिट की जगह है।
नई 1.4-लीटर टर्बोचार्ज्ड यूनिट के साथ, सुजुकी स्पोर्ट 138 बीएचपी पर 230 एनएम के टॉर्क को प्रोड्यूज करने की क्षमता रखता है। यह 6 स्पीड मैनुअल गियरबॉक्स के साथ जोड़ती है और पिछले मॉडल से 80 किलोग्राम हल्का है।
अपेक्षित लॉन्च तिथि: 2018 में

फोर्ड इकोस्पोर्ट (फेसलिफ्ट)
फोर्ड भारत में एक उप-कॉम्पैक्ट एसयूवी को लॉन्च करने वाला सबसे पहली कम्पनी थी। इसमें इकोस्पोर्ट भी शामिल थी। अब, अमेरिकी कंपनी ने भारत में नई रूप इकोस्पोर्ट लॉन्च करने जा रहा है। भारत में लॉन्चिंग से पहले कंपनी ने 2017 फ्रैंकफर्ट मोटर शो में इकोस्पोर्ट फ़ेसलिफ्ट मॉडल का प्रदर्शन किया।
नई इकोस्पोर्ट में एक ट्वीड बाहरी डिजाइन, संशोधित अंदरूनी और एक अधिक शक्तिशाली डीजल इंजन शामिल हैं। नई फोर्ड इकोस्पोर्ट तीन इंजन विकल्प के साथ आता है: एक 1.0-लीटर तीन सिलेंडर पेट्रोल और टर्बोचार्ज्ड 1.5 लीटर पेट्रोल और डीजल इकाइयां शामिल होगी।
उम्मीद की गई लॉन्च की तारीखः भारत में 2017 की दिवाली

स्कोडा कारोक
स्कोडा ने 2010 में यति कॉम्पैक्ट एसयूवी को 2010 में नया रूप दिया था। कम्पनी को विश्व स्तर पर, स्कोडा यति को बदलना चाहता था और नई करोक इसकी जगह पर होगा। स्कोडा कारोक यति की तरह नहीं दिखता है, लेकिन कारोक एक पूर्ण पैमाने पर एसयूवी की तरह दिखता है।
स्कोडा कारोक एक क्रॉसओवर है। हालांकि, चेक कार निर्माता ने कारोक्क्स को एक पूर्ण आकार के एसयूवी की तरह देखने के लिए अच्छा काम किया है। स्कोडा से 1 लीटर और 1.5 लीटर पेट्रोल इंजन और 1.6 लीटर और 2 लीटर टीडीआई डीजल इंजन की पेशकश की जा सकती है।
अपेक्षित लॉन्च तिथि: मिड 2017

हुंडई कोना
2017 में फ्रैंकफर्ट मोटर शो में अनावरण किया गया। इसके पहले इस कोरियाई कंपनी ने जून 2017 में इस कॉम्पैक्ट एसयूवी की इमेज को दिखाया था। हुंडई कोना क्रेता से ऊपर और भारत के उत्पाद लाइनअप में नीचे स्लॉट करेगा।
मैकेनिकल डिपार्टमेंट में हुंडई कोना एसयूवी दो वैरिएंट में लॉन्च हो सकता है।
अपेक्षित लॉन्च की तारीख: 2018 की शुरुआत

बेंटले कॉन्टिनेंटल जी.टी.
बेंटले ने 2017 फ्रैंकफर्ट मोटर शो में कॉन्टिनेंटल जीटी से पर्दा हटाया। नई कॉन्टिनेंटल जीटी अपने पिछले मॉडल से ज्यादा लंबा है, लेकिन इसमें कम ओवरहांग्स शामिल हैं, जो बदले में विस्तारित और कम बोनट के लिए अनुमति दी गई है।
नई कॉन्टिनेंटल जीटी इसकी 6.0-लीटर डब्ल्यू 12 इकाई के एक अपडेट एडिशन द्वारा संचालित है, जो अब 626bhp पर 900Nm के टॉर्क को प्रोड्यूज करता है। यह नई गाड़ी 8-स्पीड ड्यूल क्लच से संचालित है। इसकी अधिकतम गति 333 किमी प्रति घंटा है।
अपेक्षित लॉन्च दिनांक: 2018 के अंत या 2019

बीएमडब्लू एम 5
बीएमडब्ल्यू ने अपनी इस सेडान का 2017 फ्रैंकफर्ट मोटर शो में सार्वजनिक शुरुआत की। नई बीएमडब्लू एम 5 बीबीडब्ल्यू के 4.4 लीटर ट्विन-टर्बो वी 8 इंजन के एक संशोधित संस्करण द्वारा संचालित है जिसमें 592 बीपीपी पर 750 एनएम के टॉर्क प्रोड्यूज करती है।
अपेक्षित लॉन्च की तारीख: लेट 2018

लेम्बोर्गिनी एवेंटर एस रोडस्टार
लेम्बोर्गिनी ने 2017 फ्रैंकफर्ट मोटर शो में एवेंटॉर एस रोडस्टर का शुभारंभ किया। Aventador एस रोडस्टर Aventador एस के ड्रॉप-टॉप संस्करण है और अब भारत में उपलब्ध है। यह कार 740 बीएचपी पर 690 एनएम के टॉर्क का उत्पादन करने में सक्षम है।

DriveSpark की राय
कार निर्माता भारत को अपने बाजार के तौर पर देख रहे हैं। आपको जानकर हौरानी होगी कि 2020 तक दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा ऑटोमोबाइल उद्योग बन जाएगा। ऐसे में कम्पनियों का भारत की ओर रूख करना कोई बड़ी घटना नहीं लगती।


Click it and Unblock the Notifications








