
ऑटोमोबाइल बाजार इस वर्ष पेश होने वाले बजट को लेकर काफी चिंतित नजर आ रहा है। ऑटोमोबाइल कंपनिया बजट में होने वाले घोषणाओं को लेकर परेशान है। आपको बता दें भारतीय ऑटोमोबाइल बाजार में इस समय डीजल कारों पर टैक्स को बढ़ाये जाने और डीजल की कीमत में वृद्वी किये जाने की अफवाहों का बाजार गर्म है। वाहन निर्माता कंपनियां बजट के पेश होने तक किसी भी निवेश के लिए फिलहाल तैयार नहीं है।
आपको बता दें कि हाल ही में पेट्रोल की कीमतों में आये उछाल के कारण वाहन निर्माता कंपनियों का रूख तेजी से डीजल कारों की तरफ हुआ था। उसके बाद कंपनियों ने डीजल कारों को बाजार में उतारना शुरू कर दिया था। अब सरकार के खेमें से ऐसी भी खबरें आ रही है कि सरकार इस बजट में डीलज की कीमतों में इजाफा करेगी साथ ही साथ डीजल वाहनों पर टैक्स भी बढ़ायेगी।
सोसायटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चर्स (एसआईएएम) के निदेशक विष्णु माथुर ने बताया कि, देश की वाहन निर्माता कंपनियां जैसे कि मारूति सुजुकी, फोर्ड, टाटा मोटर्स, आदि बजट के पेश होने का इंतजार कर रहें है। वटज के इस पेश होने के इंतजार में इन कंपनियों का लगभग 3,000 करोड़ रूपया अभी अधर में फंसा है। कंपनियों को इस बात का डर है कि, यदि सरकार डीजल कारों पर टैक्स को बढ़ा देती है और डीजल की कीमत में इजाफा कर देती है तो कंपनियों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ सकता है।





















